हरिद्वार। धर्मनगरी हरिद्वार में प्रशासन की 30 जुलाई से शुरू होने वाली कांवड़ यात्रा की तैयारियां जारी है। इस वर्ष यात्रा 11 अगस्त तक चलेगी। करोड़ों शिवभक्तों के आगमन को देखते हुए जिला प्रशासन ने सभी विभागों को 25 जुलाई तक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने का लक्ष्य दिया है। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम के निर्देश पर हरिद्वार जिला पंचायत के अधिकारियों ने धरातल पर उतरकर कांवड़ पटरी मार्ग पर झाड़ी कटान और स्थायी-अस्थायी शौचालयों की मरम्मत का काम तेज कर दिया है। रानीपुर झाल, पथरीपुल और इमलीखेड़ा समेत विभिन्न क्षेत्रों में टीमें लगातार कार्य कर रही हैं। शनिवार को जिला पंचायत हरिद्वार के अपर मुख्य अधिकारी इंजीनियर महेश विश्नोई ने खुद मौके पर रहकर कार्यों की मॉनिटरिंग की। साथ ही सिंचाई विभाग भी गंगा घाटों की मरम्मत, सुरक्षा रेलिंग और जंजीर लगाने के कार्य में जुटा है। हरिद्वार और रुड़की डिवीजन में कांवड़ पटरी मार्ग को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए झाड़ी कटान कराया जा रहा है।

अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत महेश विश्नोई ने कहा जिलाधिकारी के निर्देशों के अनुसार जिला पंचायत की सभी टीमें मैदान में सक्रिय हैं। कांवड़ पटरी मार्ग पर झाड़ी कटान और शौचालयों की मरम्मत तेजी से कराई जा रही है। हमारा प्रयास है कि 25 जुलाई से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी कर श्रद्धालुओं को स्वच्छ, सुरक्षित और सुगम मार्ग उपलब्ध कराया जाए।

वहीं, सिंचाई खंड हरिद्वार के अधिशासी अभियंता खुशवंत सिंह चौहान ने बताया कि शिवभक्तों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए गंगा घाटों की मरम्मत के साथ सुरक्षा रेलिंग और जंजीर लगाने का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। हरिद्वार और रुड़की डिवीजन में कांवड़ पटरी मार्ग पर झाड़ी कटान भी युद्धस्तर पर चल रहा है, ताकि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम मार्ग मिल सके।जिला प्रशासन का कहना है कि सभी विभागों की तैयारियों की लगातार समीक्षा की जा रही है, ताकि 30 जुलाई से शुरू होने वाली कांवड़ यात्रा का संचालन व्यवस्थित और सुरक्षित ढंग से कराया जा सके।

