हरिद्वार, संवाददाता। कोतवाली मंगलौर क्षेत्र में 112 आपातकालीन सेवा पर एक गंभीर और संवेदनशील मामले की झूठी सूचना देकर पुलिस को गुमराह करने का मामला सामने आया है। सीनियर सिटीजन को ज़हर दिए जाने की सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल हरकत में आ गई, लेकिन मौके पर पहुंचने पर पूरा मामला फर्जी निकला।
सोमवार 15 दिसंबर 2025 को 112 आपातकालीन सेवा के माध्यम से एक कॉलर ने सूचना दी कि उसकी पत्नी ने उसकी मां को ज़हर दे दिया है और उनकी हालत गंभीर है, जिन्हें मंगलौर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूचना सीनियर सिटीजन से जुड़ी होने और गंभीर अपराध की श्रेणी में आने के कारण मंगलौर पुलिस बिना देरी किए मौके पर पहुंची।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि कॉलर की मां घर पर पूरी तरह सुरक्षित और स्वस्थ थीं। बुजुर्ग महिला ने स्वयं पुलिस को बताया कि उन्हें किसी प्रकार का ज़हर नहीं दिया गया है। पूछताछ में सामने आया कि कॉलर का अपनी पत्नी से पारिवारिक विवाद चल रहा है और इसी विवाद से क्षुब्ध होकर उसने 112 पर झूठी सूचना दी।
पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए झूठी सूचना देने के आरोप में अनिल निवासी नारसन कलां, थाना मंगलौर के खिलाफ पुलिस अधिनियम की धारा 83 के तहत कार्रवाई करते हुए ₹10,000 का चालान किया। साथ ही भविष्य में इस तरह की हरकत न करने की सख्त चेतावनी भी दी गई।
हरिद्वार पुलिस ने आमजन से अपील की है कि 112 एक आपातकालीन सेवा है, इसका दुरुपयोग न करें। झूठी सूचना देने से वास्तविक जरूरतमंदों को समय पर मदद मिलने में देरी हो सकती है। ऐसे मामलों में दोषियों के विरुद्ध सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।

