गीता जोशी
हरिद्वार। हरिद्वार ग्रामीण विधानसभा के दूरस्थ श्यामपुर क्षेत्र के लोगों को अब सामान्य उपचार के लिए हरिद्वार शहर या निजी अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़ेगा। श्यामपुर में तैयार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में शनिवार से ओपीडी शुरू होगी। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सचिव विनय शंकर पांडे और भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद ने शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और ग्रामीणों की मौजूदगी में केंद्र का शुभारंभ किया। केंद्र को भविष्य में ट्रामा सेंटर के रूप में विकसित करने की भी तैयारी है।

श्यामपुर और आसपास के गांव हरिद्वार शहर से दूरी पर स्थित हैं। ऐसे में क्षेत्र के लोगों को बीमारी या दुर्घटना की स्थिति में उपचार के लिए शहर की ओर जाना पड़ता है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में ओपीडी शुरू होने से ग्रामीणों को स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सुविधा मिल सकेगी। गंभीर मरीजों को प्राथमिक उपचार देने के साथ जरूरत पड़ने पर उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्र के लिए भेजने की व्यवस्था भी की जाएगी।
स्वास्थ्य सचिव विनय शंकर पांडे ने कहा कि केंद्र में मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए डॉक्टरों और अन्य स्टाफ की व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को आवश्यक मानव संसाधन की तैनाती के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केंद्र पर मरीजों की जरूरत के अनुसार अन्य सुविधाएं भी जल्द उपलब्ध कराई जाएंगी। भविष्य में इसे ट्रामा सेंटर के रूप में विकसित करने की दिशा में भी काम किया जाएगा। इससे पहले स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने सचिव को केंद्र में उपलब्ध व्यवस्थाओं की जानकारी दी। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आरके सिंह, मेला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनीष दत्त, जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. महिमानंद जोशी और अपर मेला अधिकारी दयानंद सरस्वती समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद ने कहा कि उन्होंने वर्ष 2022 में कैबिनेट मंत्री रहते हुए श्यामपुर में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्वीकृत कराया था। भवन तैयार होने के बाद भी स्वास्थ्य सेवाएं शुरू नहीं हो सकी थीं। क्षेत्रवासियों की परेशानी को देखते हुए उन्होंने स्वास्थ्य सचिव के सामने मामला रखा, जिसके बाद केंद्र में सेवाएं शुरू कराने की प्रक्रिया पूरी हुई। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र शुरू होने से श्यामपुर और आसपास के ग्रामीणों को इलाज के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। जल्द ही रवासन नदी पर झूला पुल का काम भी शुरू कराया जाएगा।

